मुख्य सामग्री पर जाएँ
5 मुहर्रम 1448
eSalah
साइन इन

Quran — Page 166

166 / 604
More
किसी भी शब्द पर टैप करें ताकि उसका उच्चारण सुनें और अर्थ देखें। क़ारी चयन पृष्ठ की निरंतर तिलावत के लिए है।
Record yourself, then play it back to compare.
🎨 तजवीद रंग कुंजी
मौन अक्षर — लिखा जाता है पर उच्चारित नहीं होता (हम्ज़तुल-वस्ल, सूर्य-लाम, मौन अलिफ़)
ग़ुन्ना (नासिकीकरण) — मुशद्दद नून या मीम पर नासिक ध्वनि, तथा नून-साकिन / तनवीन के नियम
क़लक़ला (गूँज) — साकिन क़ाफ़, ता, बा, जीम या दाल पर हल्की-सी उछाल
भारी अक्षर (तफ़ख़ीम) — पूर्ण-मुख (भारी) अक्षर, तथा भारी रा
प्राकृतिक मद (२) — मूल दो मात्रा की खिंचाई
वक़्फ़ का मद (२–६) — अंतिम अक्षर पर रुकते समय स्वर को २, ४ या ६ मात्रा तक खींचना
हम्ज़ा से पहले मद (४–६) — मद-मुत्तसिल (एक ही शब्द में) और मद-मुनफ़सिल (दो शब्दों के बीच)
अनिवार्य मद (६) — पूरी छह मात्रा की खिंचाई; इसमें सूरतों के आरंभ के मुक़त्तआत अक्षर भी शामिल हैं
فَإِذَا جَآءَتْهُمُ ٱلْحَسَنَةُ قَالُوا۟ لَنَا ﱆﱇ هَـٰذِهِۦ ۖ وَإِن تُصِبْهُمْ سَيِّئَةٌۭ
يَطَّيَّرُوا۟ بِمُوسَىٰ وَمَن ﱎﱏ مَّعَهُۥٓ ۗ أَلَآ إِنَّمَا طَـٰٓئِرُهُمْ عِندَ ٱللَّهِ
وَلَـٰكِنَّ أَكْثَرَهُمْ لَا يَعْلَمُونَ ١٣١ وَقَالُوا۟ مَهْمَا تَأْتِنَا بِهِۦ
مِنْ ءَايَةٍۢ لِّتَسْحَرَنَا بِهَا فَمَا نَحْنُ لَكَ بِمُؤْمِنِينَ ١٣٢ فَأَرْسَلْنَا
عَلَيْهِمُ ٱلطُّوفَانَ وَٱلْجَرَادَ وَٱلْقُمَّلَ وَٱلضَّفَادِعَ وَٱلدَّمَ
ءَايَـٰتٍۢ مُّفَصَّلَـٰتٍۢ فَٱسْتَكْبَرُوا۟ وَكَانُوا۟ قَوْمًۭا مُّجْرِمِينَ
١٣٣ وَلَمَّا وَقَعَ عَلَيْهِمُ ٱلرِّجْزُ قَالُوا۟ يَـٰمُوسَى ٱدْعُ لَنَا رَبَّكَ بِمَا
ﱿ عَهِدَ ﲀﲁ عِندَكَ ۖ لَئِن كَشَفْتَ عَنَّا ٱلرِّجْزَ لَنُؤْمِنَنَّ لَكَ
وَلَنُرْسِلَنَّ مَعَكَ بَنِىٓ إِسْرَٰٓءِيلَ ١٣٤ فَلَمَّا كَشَفْنَا عَنْهُمُ
ٱلرِّجْزَ إِلَىٰٓ أَجَلٍ هُم بَـٰلِغُوهُ إِذَا هُمْ يَنكُثُونَ ١٣٥ فَٱنتَقَمْنَا
مِنْهُمْ فَأَغْرَقْنَـٰهُمْ فِى ٱلْيَمِّ بِأَنَّهُمْ كَذَّبُوا۟ بِـَٔايَـٰتِنَا وَكَانُوا۟ عَنْهَا
غَـٰفِلِينَ ١٣٦ وَأَوْرَثْنَا ٱلْقَوْمَ ٱلَّذِينَ كَانُوا۟ يُسْتَضْعَفُونَ
مَشَـٰرِقَ ٱلْأَرْضِ وَمَغَـٰرِبَهَا ٱلَّتِى بَـٰرَكْنَا ﲯﲰ فِيهَا ۖ وَتَمَّتْ كَلِمَتُ
رَبِّكَ ٱلْحُسْنَىٰ عَلَىٰ بَنِىٓ إِسْرَٰٓءِيلَ بِمَا ﲹﲺ صَبَرُوا۟ ۖ وَدَمَّرْنَا
مَا كَانَ يَصْنَعُ ﲿ فِرْعَوْنُ وَقَوْمُهُۥ وَمَا كَانُوا۟ يَعْرِشُونَ ١٣٧

Madani mushaf layout with KFGQPC tajweed colouring (QCF V4). Colours render in modern browsers.

क़ुरआन का पाठ तंज़ील (tanzil.net) से, उस्मानी लिपि, बिना बदलाव के। शब्द-दर-शब्द अनुवाद और लिप्यंतरण: Quran.com। शब्द-मूल और व्याकरण: Quranic Arabic Corpus (corpus.quran.com)।