Quran 113:1-5
🤲 सूरह अल-फलक़ — फ़ज्र का रब
Qul a'udhu bi rabbi-l-falaq. Min sharri ma khalaq. Wa min sharri ghasiqin idha waqab. Wa min sharri-n-naffathati fi-l-'uqad. Wa min sharri hasidin idha hasad.
कहो: मैं फ़ज्र के रब की पनाह माँगता हूँ। उस हर चीज़ के शर से जो उसने पैदा की। और रात की तारीकी के शर से जब वह छा जाए। और गिरहों में फूँकने वाली औरतों के शर से। और हसद करने वाले के शर से जब वह हसद करे।